ब्लॉकचेन का परिचय

ब्लॉकचेन / वितरित लेजर, पीयर-टू-पीयर नेटवर्क (P2P network) में मौजूद विभिन्न कंप्यूटरों पर रखा गया एक वितरित लेजर (Distributed Ledger) है। सभी कंप्यूटरों के पास उसी लेजर की एक प्रति होती है।

यह तकनीक डिजिटल परिसंपत्तियों (Digital Assets) को ट्रैक करने में सहायता करती है और कंप्यूटरों की मेमोरी में चलने वाली प्रक्रियाओं पर आधारित होती है।

उदाहरण के लिए, एक लेनदेन रजिस्टर पर विचार करें। रजिस्टर में कई पृष्ठ होते हैं। प्रत्येक पृष्ठ पर कई लेनदेन दर्ज होते हैं और हर पृष्ठ पर उसका क्रमांक लिखा होता है।

पृष्ठ क्रमांकों की सहायता से हम लेनदेन के रिकॉर्ड आसानी से खोज सकते हैं। यदि कोई पृष्ठ खो जाए या उसमें बदलाव किया जाए, तो उसका पता लगाना आसान होता है।

यहाँ रजिस्टर ब्लॉकचेन को, रजिस्टर का एक पृष्ठ एक ब्लॉक को और पृष्ठों पर मौजूद रिकॉर्ड लेनदेन को दर्शाते हैं।

ब्लॉकचेन का प्रत्येक सहभागी (पीयर) उसी लेजर की एक प्रति रखता है। इसलिए डेटा दर्ज करने के लिए किसी विश्वसनीय तीसरे पक्ष (जैसे बैंक या सरकार) पर निर्भरता समाप्त हो जाती है।